नियम विरुद्ध संचालित नर्सिंग कॉलेजों और पैरा मेडिकल कॉलेजों पर कार्यवाही के नाम पर जिला प्रशासन ने साधी चुप्पी
सीएम योगी ने राज्य में नियम विरुद्ध तरीके से संचालित हो रहे नर्सिंग कॉलेजों को चिन्हित कर इनके संचालकों के खिलाफ पुलिस में एफआईआर दर्ज कर कठोर कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।अवैध रूप से नर्सिंग कॉलेज, बीएससी नर्सिंग कॉलेजों को लेकर जारी दिशा-निर्देशों के तहत जरूरी आवश्यकताओं की जांच की जाएगी। साथ ही, द्वारा नर्सिंग कॉलेज, बीएससी नर्सिंग कॉलेजों तथा पैरामेडिकल कॉलेज को लेकर जारी दिशा-निर्देशों के तहत जरूरी मान्यता वाह जरूरी कागजात की जांच की जाएगी। साथ ही, जरूरी मानकों को पूरा नहीं करने वाले पैरामेडिकल कॉलेज और संचालित नर्सिंग स्कूल व कॉलेजों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी। जरूरी मानकों को पूरा नहीं करने वाले राज्य में संचालित पैरामेडिकल कॉलेज और नर्सिंग स्कूल व कॉलेजों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी। सरकारी नर्सिंग कॉलेज व स्कूल निर्धारित मानकों को कमोबेश पूरा करते हैं। जबकि प्राइवेट पैरामेडिकल कॉलेज और नर्सिंग कॉलेज व स्कूल द्वारा निर्धारित मापदंडों का पालन नहीं किया जाता है। नर्सिंग स्कूलों के पास संबंधित जिला सिविल सर्जन द्वारा निबंधित सौ बेड का अस्पताल होना आवश्यक है लेकिन कई स्कूलों द्वारा इसका पालन प्रशिक्षण के क्रम में नहीं किया जाता है।
जनपद अंबेडकरनगर में दो दर्जन से ज्यादा नर्सिंग कॉलेज फर्जी तरीके से चल रहे हैं। इन अवैध रूप से संचालित होने वाले कॉलेजों को किसी भी प्रकार की कार्यवाही ना करने के लिए की स्थिति में यह प्रतीत होता है कि स्वास्थ्य विभाग मान्यता दे चुका है। जबकि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बिना मान्यता के शिक्षण संस्थान का संचालन युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करना है। राज्य में अवैध नर्सिंग कॉलेजों के संचालन की लगातार बढ़ती शिकायतों के मद्देनजर योगी ने कहा कि ऐसी हर जानकारी या शिकायत को पूरी गंभीरता से लेते हुए तत्परता से कार्रवाई की जाये।
